नशा तस्करी के खिलाफ सरकार की सख्त कार्रवाई मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के निर्देशानुसार हिमाचल प्रदेश पुलिस ने नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अपनी मुहिम तेज कर दी है।
PIT-NDPS अधिनियम के तहत 8 आरोपी हिरासत में
एक सप्ताह के भीतर आठ आदतन अपराधियों को स्वापक औषधि और मन प्रभावी पदार्थ अवैध व्यापार निवारण अधिनियम (PIT-NDPS) के तहत हिरासत में लिया गया है।
विभिन्न जिलों से पकड़े गए अपराधी
हिरासत में लिए गए अपराधी नूरपुर, सिरमौर, चंबा, बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ (सोलन) और कांगड़ा जिलों से संबंधित हैं, जो बार-बार नशा तस्करी में संलिप्त पाए गए हैं। हिमाचल प्रदेश में नशा तस्करी के खिलाफ सरकार की बड़ी कार्रवाई, PIT-NDPS अधिनियम के तहत 8 आरोपी हिरासत में।
बार-बार अपराध करने वालों पर सख्ती
PIT-NDPS अधिनियम का उद्देश्य नशे के अवैध व्यापार में बार-बार लिप्त अपराधियों की गतिविधियों पर अंकुश लगाना और राज्य में सक्रिय मादक पदार्थों के नेटवर्क को खत्म करना है।
जीरो टॉलरेंस नीति पर अमल
मुख्यमंत्री ने ड्रग माफिया के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है और पुलिस विभाग को सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
उच्च स्तरीय बैठकों में सख्त कानूनों पर चर्चा
मुख्यमंत्री ने इस सामाजिक बुराई के खिलाफ कानूनों को प्रभावी रूप से लागू करने के लिए पुलिस और संबंधित विभागों के साथ कई उच्च स्तरीय बैठकें की हैं।
PIT-NDPS अधिनियम का प्रभावी क्रियान्वयन
प्रदेश सरकार PIT-NDPS अधिनियम को प्रभावी रूप से लागू कर रही है और इसके तहत निवारक हिरासत की कार्रवाई को सुदृढ़ किया गया है।
निगरानी के लिए गठित किया गया सलाहकार बोर्ड
23 अप्रैल 2023 को हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय के एक न्यायाधीश की अध्यक्षता में एक सलाहकार बोर्ड का गठन किया गया था, जो इस अधिनियम के कानूनी पहलुओं की निगरानी कर रहा है।
अब तक 12 अपराधी हिरासत में
वर्ष 2024 में पहली बार इस अधिनियम के तहत चार अपराधियों को हिरासत में लिया गया था, और हाल ही में यह संख्या बढ़कर 12 हो गई है।
अपराधियों की संपत्तियों की जांच जारी
हिरासत में लिए गए अपराधियों की संपत्तियों की जांच जारी है और जांच के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
हिमाचल को नशा मुक्त बनाने की प्रतिबद्धता
प्रदेश सरकार हिमाचल को नशा मुक्त बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और ड्रग माफिया के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेगी।